Petrol Pump

28 दिन में 4 रुपये तक सस्ता हुआ पेट्रोल-डीज़ल, इस वजह से और गिर सकते हैं दाम

देश की बड़ी ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने लगातार तीसरे दिन पेट्रोल-डीज़ल सस्ता कर दिया हैं. शनिवार को दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े शहरों में पेट्रोल (Petrol Price Today) के दाम 23-24 पैसे प्रति लीटर तक कम हो गए है. वहीं, इस दौरान डीज़ल (Diesel Price Today) की कीमतों में 25-27 पैसे प्रति लीटर की गिरावट दर्ज की गई हैं. आपको बता दें कि 11 जनवरी से अभी तक पेट्रोल-डीज़ल के दाम 4 रुपये प्रति लीटर तक गिर गए हैं. दुनिया की बड़ी रेटिंग एजेंसियों का कहना हैं कि चीन में फैले जानलेवा कोरोना वायरस (Corona-virus) के चलते दुनियाभर में बिजनेस गतिविधियां कम हो गई हैं. इसीलिए कच्चे तेल की डिमांड में बड़ी गिरावट आई है. जिसका असर कीमतों पर पड़ा है. आने वाले दिनों में कच्चे तेल के और सस्ता होने की उम्मीद हैं. लिहाजा घरेलू बाजार में पेट्रोल-डीज़ल की कीमतों में 2 रुपये प्रति लीटर घट सकती हैं.

पेट्रोल के नए प्राइस (Petrol Price in India on 8 February 2020)- शनिवार को दिल्ली में पेट्रोल के दाम गिरकर 72.45 रुपये प्रति लीटर पर आ गए हैं. वहीं, मुंबई में 78.11 रुपये प्रति लीटर हैं. इसके अलावा कोलकाता में 75.13 रुपये प्रति लीटर और चेन्नई में 75.27 रुपये प्रति लीटर है.

डीज़ल के नए रेट्स (Diesel Rate in India on 8 February 2020)- शनिवार  को दिल्ली में डीज़ल के दाम गिरकर 65.42  रुपये प्रति लीटर पर आ गए हैं. वहीं, मुंबई में 68.57 रुपये प्रति लीटर हैं. इसके अलावा कोलकाता में 67.79 रुपये प्रति लीटर और चेन्नई में 69.10 रुपये प्रति लीटर है.

क्यों  सस्ता हो रहा हैं घरेलू बाजार में पेट्रोल-डीज़ल– कमोडिटी एक्सपर्ट्स का कहना हैं कि चीन में फैले घातक कोरोना वायरस (Corona-virus) से मरने वालों की संख्या बढ़कर 700 के पार निकल गई हैं. पुरी दुनिया कोरोना वायरस को लेकर अलर्ट पर है. कई देशों ने चीन जाने वाली अपनी उड़ानों को रद्द कर दिया है. एक्सपर्ट्स के मुताबिक, क्रूड के मामले में चीन दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा उपभोक्ता देश हैं. वह अपनी जरुरत का 80 फीसदी कच्चा तेल विदेशों से खरीदता हैं. चीन में वायरस की वजह से बिजनेस गतिविधियां और लोगों का एक शहर से दूसरे शहर में आना जाना काफी कम हो गया हैं. इसी वजह से अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की डिमांड घट गई हैं और कीमतों में बड़ी गिरावट आई हैं.आपको बता दें कि एक महीने में कच्चा तेल के दाम 30 फीसदी तक लुढ़क गए हैं. ब्रेंट क्रूड का भाव 74 डॉलर प्रति बैरल से गिरकर 52 डॉलर प्रति बरैल पर आ गया हैं.

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RBI ने आम लोगों को दिया झटका, लगातार दूसरी बार नहीं कम होगी आपकी EMI

उम्‍मीद के मुताबिक रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने रेपो रेट में कटौती नहीं की है. यह लगातार दूसरी मौद्रिक समीक्षा बैठक है जब आरबीआई ने रेपो रेट को स्थिर रखा है. ऐसे में अब लोन की ब्‍याज दर और आपकी ईएमआई कम होने की गुंजाइश कम ही है. इससे पहले, दिसंबर में भी केंद्रीय बैंक ने रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया था. वहीं 2019 के शुरुआती पांच मौद्रिक समीक्षा बैठक में लगातार 5 बार रेपो रेट में कटौती की गई थी.

  • वर्तमान में रेपो रेट 5.15 फीसदी पर स्थिर है
  • लगातार दूसरी बार RBI ने नहीं की कटौती

बता दें कि वर्तमान में रेपो रेट 5.15 फीसदी पर स्थिर है. इसके अलावा रिवर्स रेपो रेट भी 4.90 फीसदी पर बरकरार है. रिजर्व बैंक ने कैश रिजर्व रेशयो यानी सीआरआर 4 फीसदी और SLR 18.5 फीसदी पर बनाए रखा है.वहीं आरबीआई बैंक का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2020-21 में जीडीपी ग्रोथ 6 फीसदी रहेगी.

RBI Governer

 

क्‍या होता है रेपो रेट?

रेपो रेट वो दर होती है जिस पर बैंकों को आरबीआई फंड देता है और इसी फंड के आधार पर बैंक ग्राहकों को ब्‍याज दर में राहत देते हैं. हालांकि आरबीआई के रेपो रेट कटौती का बैंकों ने उम्‍मीद के मुताबिक फायदा नहीं पहुंचाया है. यही वजह है कि आरबीआई ने भी बैंकों से रेपो रेट कटौती का फायदा ग्राहकों को पहुंचाने की बात कही है.

क्‍यों नहीं हुई कटौती?
दरअसल, महंगाई के आंकड़े और बजट में  राजकोषीय घाटे के लक्ष्य के संशोधन की वजह से आरबीआई दबाव में था. बता दें कि सरकार ने चालू वित्त वर्ष के लिए राजकोषीय घाटे के लक्ष्य को बढ़ाकर सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 3.8 फीसदी कर दिया है. इससे पहले राजकोषीय घाटे का लक्ष्य 3.3 प्रतिशत रखा गया था. वहीं दिसंबर में खुदरा मुद्रास्फीति 7.3 फीसदी के उच्च स्तर पर रही. इसका कारण सब्जी खासकर प्याज और टमाटर का महंगा होना है. यह आरबीआई की उम्‍मीद से ज्‍यादा है.

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Google Map Hacked

Google Maps को किया हैक, खाली रास्ते पर लगाया ट्रैफिक जैम

गूगल (Google) के साथ तगड़ा प्रैंक (मजाक) हुआ है। बर्लिन के एक आर्टिस्ट सिमॉन वेकर्ट ने गूगल मैप्स (Google Maps) को 99 सेकंड-हैंड स्मार्टफोन्स की मदद से हैक कर लिया। मजाक के तौर पर की गई इस हैकिंग के बाद गूगल मैप्स बिल्कुल क्लियर रूट को भी हेवी ट्रैफिक वाला बता रहा था। यूजर्स को ट्रैफिक की सही जानकारी देने के लिए गूगल स्लो मूविंग या हेवी ट्रैफिक का डेटा लेता है। इसके लिए वह किसी खास एरिया में ट्रैवल कर रहे उन यूजर्स के मोबाइल को ऐक्सेस करता है जो गूगल मैप्स का इस्तेमाल कर रहे होते हैं। सिमॉन ने ट्रैफिक जैम बताने वाले गूगल के इसी प्रोसेस के साथ खेल किया है।

  • बर्लिन के आर्टिस्ट ने जबरदस्त प्रैंक में गूगल मैप्स को हैक कर वर्चुअल ट्रैफिक जैम क्रिएट कर दिया। प्रैंक के लिए 99 सेकंड-हैंड स्मार्टफोन का इस्तेमाल हुआ। इस हैकिंग में गूगल मैप्स खाली रास्ते को भी हेवी ट्रैफिक वाला बता रहा था।

ऐसे किया गूगल मैप्स को हैक
सिमॉन ने एक छोटी हैंड ट्रॉली में 99 स्मार्टफोन्स को रख दिया। इन सभी स्मार्टफोन्स में गूगल मैप्स ऑन था। सिमॉन ट्रॉली में इन स्मार्टफोन्स को इकट्ठा रखकर एक खाली सड़क पर टहलने निकल गए। गूगल, सिमॉन के इस प्रैंक को समझ नहीं पाया और उस खाली रोड को हेवी ट्रैफिक वाला बताने लगा। हालांकि, इस प्रैंक से किसी को नुकसान नहीं हुआ, लेकिन मैप्स यूज करते हुए उस रास्ते से गूजरने वाले ड्राइवर्स को गूगल ने री-रूट जरूर कर दिया।

ट्रैफिक कंडिशन बताने के लिए तीन कलर
दुनिया भर में गूगल की यह नैविगेशन सर्विस काफी पॉप्युलर है। ट्रैफिक और रास्ते की सही जानकारी देते हुए यह यूजर्स को उनकी मंजिल तक पहुंचाती है। गूगल मैप्स में ट्रैफिक कंडिशन को बताने के लिए भारत में रेड, ब्लू और येलो कलर का यूज होता है। रेड मतलब तगड़ा जैम, ठीक-ठाक मूवमेंट के लिए येलो और बिल्कुल क्लियर रोड के लिए ब्लू इंडिकेशन मिलता है। अक्सर रोड ब्लॉक के चलते मैप्स में गूगल नैविगेशन को री-रूट कर देता है ताकि यूजर्स बेस्ट रूट से अपनी मंजिल पर पहुंच सकें।

गूगल मैप्स में सुधार की जरूरत
आजकल यूजर रास्ता मालूम होने के बाद भी गूगल मैप्स का इस्तेमाल करते हैं ताकि उन्हें ट्रैफिक की रियल-टाइम इन्फर्मेशन मिल सके। हालांकि, इस हैकिंग के बाद गूगल मैप्स पर पूरी तरह भरोसा करने में कुछ यूजर्स को थोड़ी हिचकिचाहट जरूर होने वाली है। वहीं, सिमॉन के इस प्रैंक के बाद गूगल को जरूर मैप्स सर्विस में सुधार करने की जरूरत का अहसास हुआ होगा। यह एक प्रैंक था, लेकिन सिमॉन के इस प्रैंक ने गूगल को एक तरह से अलर्ट भी कर दिया है कि मैप्स की इस खामी का गलत इस्तेमाल भी हो सकता है।

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Share Market Bull

दो दिन में शेयर बाजार के निवेशकों की पूंजी 3.57 लाख करोड़ रुपये बढ़ी

बीते 1 फरवरी को बजट के दिन शेयर बाजार में भारी गिरावट से निवेशकों को जो झटका लगा था, उसकी क्षतिपूर्ति महज दो दिनों में ही हो गई। बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स मंगलवार को 917 अंक की जोरदार छलांग के साथ 40,700 अंक से ऊपर पहुंच गया, जिसके साथ ही पिछले दो दिनों में सूचीबद्ध कंपनियों के निवेशकों की पूंजी 3.57 लाख करोड़ रुपये बढ़ी है। इससे पहले सोमवार को सेंसेक्स 136.78 अंक चढ़ा था।

शेयर बाजार में तेजी से शेयर बाजार के निवेशकों की पूंजी में 3.57 लाख करोड़ रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सेंसेक्स मंगलवार को 917 अंक की जोरदार छलांग के साथ 40,700 अंक से ऊपर पहुंच गया।
  • शेयर बाजार के निवेशकों की पूंजी में 3.57 लाख करोड़ रुपये की बढ़ोतरी
  • सेंसेक्स मंगलवार को 917 अंक की जोरदार छलांग के साथ 40,700 अंक से ऊपर पहुंचा
  • बाजार में सुधार के बीच सेंसेक्स की कंपनियों का एमकैप 1,56,61,769.40 करोड़ रुपये पर
  • कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट तथा मजबूत वैश्विक संकेतों से शेयर बाजार में उछाल

सेंसेक्स में सुधार के बीच पिछले दो कारोबारी सत्रों में सेंसेक्स की सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण 3,57,044.43 करोड़ रुपये बढ़कर 1,56,61,769.40 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। बजट के दिन सेंसेक्स में 987.96 अंक या 2.43 प्रतिशत की गिरावट आई थी और यह 40,000 अंक से नीचे फिसलकर 39,735.53 अंक पर बंद हुआ था।

 

खौफ को दिया झटका
चीन में करॉना वायरस के खौफ के कारण कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट तथा मजबूत वैश्विक संकेतों से शेयर बाजार ने बजट के दिन हुए नुकसान की भरपाई एक ही दिन में कर डाली। बीएसई का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 917.07 अंक (2.30%) उछलकर 40,789.38 पर बंद हुआ। वहीं, एनएसई (NSE) का निफ्टी 271.75 अंकों (2.32%) की तेजी के साथ 11,979.65 पर बंद हुआ। बजट के दिन निवेशकों को 3.46 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था।

कारणों की पड़ताल
आइए जानते हैं कि बजट के दिन हतोत्साहित बाजार में ऐसा क्या हुआ कि दो दिन बाद ही इसमें रौनक लौट गई। बजट के दिन निवेशकों को उम्मीद थी कि कंपनियों के लिए काफी राहत वाली घोषणाएं की जाएंगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ था। पूरा बजट मध्य वर्ग पर केंद्रित रहा था। इसलिए उम्मीदों के अनुरूप बजट नहीं होने के कारण शनिवार को बाजार में बिकवाली का जोर रहा। लेकिन मंगलवार को इसका ठीक उलटा हुआ और सेंसेक्स 900 अंक तक चढ़ गया। इससे पहले सोमवार को भी बाजार हरे निशान पर बंद हुआ था।

1. आर्थिक आंकड़ों, कंपनियों की कमाई पर ध्यान
निवेशकों का ध्यान अब आर्थिक आंकड़ों और कंपनियों की कमाई की तरफ शिफ्ट हुआ है। इसके अलावा, आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति की बैठक का इंतजार है। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और रुपये की मजबूती ने भी बाजार को बल दिया है। हालांकि चीन में करॉना वायस का खौफ बरकरार है और आगे चलकर बाजार में अस्थिरता देखी जा सकती है। बीते कुछ दिनों में अर्थव्यवस्था के आंकड़ों के साथ-साथ कंपनियों की कमाई में सुधार हुआ है, जो इस बात का संकेत दे रहे हैं कि देश की इकॉनमी धीरे-धीरे सुस्ती से उबर रही है।

2. कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट
करॉना वायरस के खौफ के कारण चीन द्वारा मांग में गिरावट आने से सोमवार को कच्चा तेल वायदा की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई। मांग में इस गिरावट की वजह से ओपेक तथा उसके सहयोगियों को आपूर्ति में कटौती करनी पड़ी है। ब्रेंट क्रूड की कीमत 3.8 फीसदी की गिरावट के साथ प्रति बैरल 54.45 डॉलर पर पहुंच गई, जो पिछले साल जनवरी के बाद इसका सबसे निचला स्तर है। हालांकि, मंगलवार को कीमतों में थोड़ा सुधार हुआ।

3. डॉलर के मुकाबले रुपये में तेजी
मंगलवार को शुरुआती कारोबार में डॉलर के मुकाबले रुपया 16 पैसे मजबूत हुआ, जिसका शेयर बाजार पर सकारात्मक असर पड़ा। मजबूत रुपये से वस्तुओं का आयात सस्ता होगा।


4. मार्च से पहले लाभांश वितरण?

बजट 2020 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने डिविडेंड डिस्ट्रिब्यूशन टैक्स (DDT) खत्म करने का प्रस्ताव किया है और अब टैक्स लाभांश पाने वाले को चुकाना पड़ेगा। शेयरधारकों को उम्मीद है कि अब कंपनियां लाभांश का भुगतान इस वित्त वर्ष के समाप्त होने से पहले करेंगी।

5. वैश्विक बाजारों में मजबूती
करॉना वायरस के खौफ के बावजूद वैश्विक बाजारों में मजबूती का घरेलू शेयर बाजार पर सकारात्मक असर पड़ा।

6. कम कीमतों पर शेयरों की खरीदारी
बजट के दिन शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई थी, जिसके कारण शेयरों की कीमतें काफी नीचे आ गई थीं। मंगलवार को निवेशकों के पास कम कीमत में बड़ी कंपनियों के शेयरों खरीदने का बढ़िया मौका था, जिसे वह हाथ से जाने नहीं देना चाहते थे। इसका निवेशकों ने जमकर फायदा उठाया है, पूरे दिन भरपूर लिवाली की।

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Air India

एयर इंडिया को खरीदने का प्लान तैयार, 88 साल बाद फिर टाटा की हो जाएगी कंपनी!

जिस एयरलाइन्स की 88 साल पहले जेआरडी टाटा ने नींव रखी थी, ऐसा लगता है वह फिर टाटा की होने वाली है। संकट से जूझ रही एयर इंडिया के लिए 17 मार्च तक बोलियां मंगाई गई हैं और टाटा ग्रुप इस नैशनल कैरियर के लिए अपनी दावेदारी को लेकर अपने प्लान को अंतिम रूप देने के बेहद करीब है। टाटा ग्रुप सिंगापुर एयरलाइन्स के साथ मिलकर एयर इंडिया के लिए बोली लगाने की तैयारी कर रहा है और सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, दोनों मिलकर इस अधिग्रहण को स्वरूप देने के लिए काम शुरू कर चुके हैं। बता दें कि साल 1932 में जेआरडी टाटा ने ही एयर इंडिया की नींव रखी थी और 1946 में इसका नैश्नलाइजेशन कर दिया गया था। शुरुआत में इसका नाम टाटा एयरलाइन्स हुआ करता था और नैशनलाइजेशन के बाद 1948 में इसका नाम एयर इंडिया कर दिया गया था। अब यह एयरलाइन वापस टाटा घराने के पास जा सकती है। टाटा ग्रुप प्लान को सफल बनाने की कोशिश में जुटा है। उसके प्लान में एयर एशिया इंडिया का मर्जर(इसमें टाटा की 51% हिस्सेदारी) और एयर इंडिया एक्सप्रेस शामिल हैं, जो एयर इंडिया की 100% सब्सिडियरी है।

  • एयर इंडिया के लिए 17 मार्च तक बोलियां मंगाई गई हैं और टाटा ग्रुप इसके लिए बोली के प्लान को अंतिम रूप देने के बेहद करीब
  • टाटा ग्रुप सिंगापुर एयरलाइन्स के साथ मिलकर एयर इंडिया के लिए बोली लगाने की तैयारी कर रहा है
  • खबरें ऐसी भी हैं कि टाटा ग्रुप ने एयर इंडिया एक्सप्रेस खरीदने की मंजूरी के लिए मलयेशियाई आंत्रप्रन्योर टोनी फर्नांडिस से भी संपर्क किया है

खबरें ऐसी भी हैं कि टाटा ग्रुप ने एयर इंडिया एक्सप्रेस खरीदने की मंजूरी के लिए मलयेशियाई आंत्रप्रन्योर टोनी फर्नांडिस से भी संपर्क किया है, जो एयर एशिया में 49% हिस्सेदारी रखते हैं। शेयरधारक समझौते के मुताबिक, अगर फर्नांडिस तैयार नहीं हैं तो टाटा ग्रुप किसी अन्य बजट एयरलाइन्स में 10 फीसदी से ज्यादा निवेश नहीं कर सकता।

  • टाटा ग्रुप सिंगापुर एयरलाइन्स के साथ मिलकर संकट से जूझ रही एयर इंडिया के लिए बोली लगाने की तैयारी कर रहा है और सूत्रो से मिली जानकारी के मुताबिक, दोनों मिलकर इस अधिग्रहण को स्वरूप देने के लिए काम शुरू कर चुके हैं।

एयर एशिया को विदेशी उड़ान के लिए मंजूरी का इंतजार
मामले से वाकिफ सूत्रों के मुताबिक, जल्द एक नए समझौते पर हस्ताक्षर किए जा सकते हैं। टाटा ग्रुप ने एयर एशिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस के मर्जर का प्रस्ताव रखा है। सूत्र ने बताया, ‘इस मर्जर से भारतीय एविएशन सेक्टर में फर्नांडिस का बड़ा शेयर हो जाएगा, इसलिए दोनों पार्टनर्स के लिए जीत का ही सीन है।’

एयर एशिया की शुरुआत टाटा ग्रुप और फर्नांडिस के बीच एक जॉइंट वेंचर के तहत 2013 में हुई थी। टाटा एक और फुल-सर्विस कैरियर विस्तारा ऑपरेट करता है, जो सिंगापुर एयरलाइन्स के साथ जॉइंट वेंचर है। इसमें टाटा ग्रुप की 51% हिस्सेदारी है। हाल में टाटा सन्स के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने बताया था, ‘बगैर मर्जर के हम तीसरी एयरलाइन नहीं चला सकते।’ एयर इंडिया और विस्तारा का साथ टाटा ग्रुप को फुल-सर्विस स्पेस में एकाधिकार दिला सकता है।

AI एक्सप्रेस और एयर एशिया कहां-कहां?
एयर इंडिया एक्सप्रेस 20 भारतीय शहरों में उड़ान भरती है। इसके अलावा, खाड़ी और दक्षिण एशियाई देशों के 13 इंटरनैशनल डेस्टिनेशन्स में भी इसकी मौजूदगी है। इसके बेड़े में 25 बोइंग 737 हैं, वहीं एयर एशिया की बात की जाए तो इसके पास 29 एयरबस A320 हैं और यह 21 शहरों में अपनी सेवाएं देती है।

विदेशी उड़ानों के लिए मंजूरी में अड़ंगा!
एयर एशिया इंडिया विदेशी उड़ानों के लिए इजाजत के इंतजार में है। यह इंतजार लंबा हो सकता है क्योंकि फर्नांडिस, एयर एशिया बोर्ड में टाटा नॉमिनी आर वेंकटरमन, दोनों पर आपराधिक षड़यंत्र का और मनी लॉन्डरिंग के केसस चल रहे हैं। फर्नांडिस को 5 फरवरी को ईडी ने समन किया है।

फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि फर्नांडिया या एयर एशिया इंडिया टाटा-सिंगापुर एयरलाइन्स अलायंस की ओर से एयर इंडिया के लिए लगाई जाने वाली बोली का हिस्सा होंगे या नहीं। उनके खिलाफ चल रहा मामला इसकी वजह हो सकता है।

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Airtel India

एयरटेल ने अपने ग्राहकों को दिया झटका, बंद की ये फ्री सर्विस

एयरटेल (Airtel ) ने अपने ग्राहकों को झटका देते हुए कुछ प्लान के साथ नेटफ्लिक्स (Netflix) का फ्री सब्सक्रिप्शन देना बंद करने का फैसला किया है। जिन प्लान के साथ यह सुविधा बंद की गई है उनमें एयरटेल Xstream फाइबर ब्रॉडबैंड और कुछ पोस्टपेड प्लान शामिल हैं। हालांकि वोडाफोन और ACT फाइबरनेट जैसे प्रतिद्वंदी कंपनियां अभी भी यह सुविधा दे रही हैं। बता दें रिलायंस जियो अपने कई प्लान के साथ ऐमजॉन प्राइम और नेटफ्लिक्स जैसे ऐप्स का मुफ्त सब्सक्रिप्शन देना शुरू किया था।

भारती एयरटेल अपने कुछ पोस्टपेड और ब्रॉडबैंड प्लान के साथ 3 महीने का नेटफ्लिक्स सब्सक्रिप्शन ऑफर करती आ रही थी। अब कंपनी ने इस संबंध में अपनी वेबसाइट पर भी अपडेट कर दिया है। वहां से नेटफ्लिक्स को हटा दिया गया है। हलांकि वर्तमान यूजर्स की यह सुविधा वैलिडिटी खत्म होने तक जारी रहेगी।

Airtel logoये सुविधाएं जारी

एयरटेल के अधिकतर पोस्टपेड और ब्रॉडबैंड प्लान के साथ ऐमजॉन प्राइम, Zee5 और Xstream जैसे ऐप्स का सब्सक्रिप्शन मिलता है। जैसे एयरटेल के 499 पोस्टपेड प्लान में 75 जीबी डेटा और किसी भी नेटवर्क पर अनलिमिटेड कॉलिंग मिलती है। इसके अलावा एक साल के लिए ऐमजॉन प्राइम मेंबरशिप, Zee5 और Xstream जैसे ऐप्स के सब्सक्रिप्श के अलावा हैंडसेट प्रोटेक्शन भी मिलती है।

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Union Budget 2020: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने महिलाओं को लेकर किए कई अहम ऐलान, पोषण संबंधी कार्यक्रम के लिए 35,600 करोड़ का प्रस्ताव

मोदी सरकार ने आज अपना दूसरा बजट (Union Budget 2020) पेश कर दिया है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सुबह 11 बजे लोकसभा में बजट पेश करते हुए जीएसटी को ऐतिहासिक बताया। इस दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने महिलाओं के पोषण संबंधी कार्यक्रमों से जुड़े कई महत्वपूर्ण ऐलान भी किए। आइए जानते हैं आखिर क्या हैं ये ऐलान-

पोषण संबंधी कार्यक्रम-
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि वित्त वर्ष 2020-21 के पोषण संबंधी कार्यक्रमों के लिए 35,600 करोड़ का प्रस्ताव रखा गया है जबकि महिला विशिष्ट कार्यक्रमों को 28,600 करोड़ रुपए आवंटित किए हैं।

बजट पेश करते हुए निर्मला सीतारमण ने कहा, ‘पोषण मां के स्वास्थ्य के साथ बच्चों के लिए भी जरूरी है। आंगनबाड़ी सेविकाएं स्मार्टफोन के जरिए पोषण की स्थिति बताती हैं। पोषण अभियान के जरिए छह लाख से ज्यादा सेविकाएं इस काम में लगी हैं।

लड़कियों के मां बनने की उम्र-
वित्त मंत्री ने ऐलान किया कि अब हमारी सरकार लड़कियों के मां बनने की उम्र को बढ़ाने पर भी चर्चा कर रही है। इसके लिए एक टास्क फोर्स का गठन किया जाएगा जो 6 महीने में इस मुद्दे पर रिपोर्ट तैयार करेगी।

बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ की सफलता-
महिलाओं से जुड़ी योजना का ऐलान करते समय वित्त मंत्री ने कहा, ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ की सफलता उल्लेखनीय है, लड़कियों के स्कूल जाने का आंकड़ा लड़कों से ज्यादा है। 98 फीसदी लड़कियां नर्सरी लेवल पर स्कूल जा रही हैं। प्लस टू लेवल पर भी इसी तरह के आंकड़े हैं, लड़कियां लड़कों से किसी मामले में पीछे नहीं।’

पर्यटन और स्किल डेवलपमेंट-
वित्त मंत्री ने पर्यटन के लिए 2500 करोड़ देते हुए स्किल डेवलपमेंट के लिए भी 99, 300 करोड़ आवंटित किए गए हैं। सीतारमण ने ऐलान किया, ”ये सरकार दिव्यांगों और बुजुर्गों के लिए संजीदा है। इनके लिए 9500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।’

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8 साल के बच्चे भी बना सकते है मोबाइल एप : जाने कैसे ?

मोबाइल के इस दौर में आपने सबसे कहते सुना होगा मेरा बच्चा मेरी मोबाइल लेकर ऐसी सब चीजें निकल लेता है जिसकी जानकारी मुझे भी नहीं होती | अगर आपके घर में भी कोई बच्चा है तो आपने देखा होगा वो आपके मोबाइल से कैसे youtube निकाल कर अपने पसंद की विडियो देखना शुरू कर देता है | कई बच्चे अपने पसंद का गेम प्ले स्टोर से जाकर डाउनलोड कर लेते हैं और फिर उसको खेलना शुरू कर देते हैं | आईये कुछ जानकारी हम देते है जिससे की आप अपने बच्चों को उसकी प्रतिभा को निखारने में कैसे सहयोग कर पाएंगे |

आपको यह जानकर आश्चर्य होगा की कई बड़े संसथान IIM Bangalore, IIT Bombay, Discovery Network एवं Google जैसी कंपनियां इन बच्चों के लिए एक ऐसे प्रोग्राम को लेकर आया  है जिसका नाम है  WhiteHat Live Online Coding for Kids . इस प्रोग्राम के जरिये बच्चे ऑनलाइन कोडिंग कर अपने मन मुताबिक एप बना सकते हैं | अगर हम चाहते की आने वाले समय में हमारा बच्चा आगे रहे तो यह विडियो देखिये …

Live Online Coding for Kids  सबसे पहले लिंक पर क्लीक करे अपने या बच्चे की id बनाकर लॉग इन करें| पहले ट्रायल पर क्लिक करें | आपको पहला ऑनलाइन क्लास मिलेगा| इस क्लास को कम्पलीट करने के बाद आपको टेस्ट देना होता है और पास होने पर एक सर्टिफिकेट मिलेगा  अब बच्चे की रूचि को देखें |
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चीन के जानलेवा कोरोना वायरस से आई भारी गिरावट डरे दुनियाभर के शेयर बाजार!

China’s fatal death due to corona virus

वायरस से दहशत में शेयर बाजार- मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वायरस की वजह से दुनियाभर में एयरलाइंस ने अपनी सर्विसेस चीन समेत कई शहरों में बंद कर दी हैं. एक्सपर्ट्स का कहना है कि इससे चीन समेत दुनियाभर की अर्थव्यवस्था पर इसका निगेटिव असर होगा. क्योंकि, चीन से दुनिया अलग हो रही है.

  • गुरुवार को जापान, चीन, दक्षिण कोरिया, ऑस्ट्रेलिया के शेयर बाजार 3 फीसदी तक लुढ़क गए है. इसका असर घरेलू शेयर बाजार के प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स-निफ्टी पर भी दिख रहा है. सुबह तेजी के साथ खुलने के बाद अब सेंसेक्स 200 अंक से ज्यादा गिर गया हैं. वहीं, निफ्टी में 70 की की गिरावट है.

चीन के घातक कोरोना वायरस से डरे निवशकों ने दुनियाभर के शेयर बाजारों (Stock Market Crash) में भारी बिकवाली की है. गुरुवार को जापान, चीन, दक्षिण कोरिया, ऑस्ट्रेलिया के शेयर बाजार 3 फीसदी तक लुढ़क गए. इसका असर घरेलू शेयर बाजार के प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स-निफ्टी पर भी दिख रहा है. सुबह तेजी के साथ खुलने के बाद अब सेंसेक्स 200 अंक से ज्यादा गिर गया हैं. वहीं, निफ्टी में 70 अंक की गिरावट है. आपको बता दें कि चीन में कोरोना वायरस से अब तक 170 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है. वुहान शहर के अलावा इस संक्रमण का एक मामला बीजिंग में भी पाया गया है जिसके बाद बीजिंग प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वो जितना हो सके यात्रा करने से बचें.

अब क्या करें निवेशक- सेठी फिनमार्ट के एमडी विकास सेठी का कहना है कि कोरोना वायरस के डर से बाजार में बिकवाली का माहौल है. बजट के पहले बाजार में सेंटीमेंट पॉजीटिव रहने की उम्मीद है लेकिन फिर भी निवेशकों को बाजार में थोड़ा सहज होकर निवेश करने की सलाह होगी. निवेशक चुनिंदा स्टॉक्स में निवेश करें. आने वाले 2 दिनों में स्टॉक्स स्पेशिफिक एक्शन देखने को मिलेगा.

चीन के जानलेवा कोरोना वायरस से आई भारी गिरावट डरे दुनियाभर के शेयर बाजार! Read More

6000mAh बैटरी, 48MP ट्रिपल कैमरा वाला सैमसंग का सस्ता स्मार्टफोन

सैमसंग ने भारत में Galaxy M और Galaxy A सीरीज से मिड रेंज स्मार्टफोन मार्केट में अपनी दावेदारी एक बार फिर से पेश की है. इन दोनों सीरीज के स्मार्टफोन्स काफी पॉपुलर हो रहे हैं और इनकी बिक्री भी हो रही है. अगर आपका बजट 10 से 13 हजार रुपये का है तो आप Samsung Galaxy M30s खरीद सकते हैं. हालांकि इसकी कीमत 15,500 रुपये थी, लेकिन ऑफर में इसे आप सस्ते में खरीद सकते हैं. Galaxy M30s को Amazon India की वेबसाइट से आप 12,999 रुपये में खरीद सकते हैं. इस कीमत पर 4GB रैम के साथ 64GB की इंटर्नल मेमोरी वेरिएंट मिलेगा. Galaxy M30s के स्पेसिफिकेशन्स की बात करें तो इसमें सैमसंग का इनहाउस प्रोसेसर Exynos 9611 ऑक्टाकोर दिया गया है.
ये स्मार्टफोन Android 9 Pie बेस्ड सैमसंग के कस्टम ऑपरेटिंग सिस्टम पर चलता है. इस स्मार्टफोन की  खासियत इसकी बैटरी भी. इसमें आपको 6,000mAh की बैटरी मिलती है जो कम से कम 1.5 दिन का बैकअप आराम से देगी. अगर आप हेवी यूज नहीं करते हैं तो 2 दिन का बैकअप ले सकते हैं. फोन में 15W Type C फास्ट चार्जिंग का सपोर्ट भी दिया गया है. कैमरे की बात करें तो इस डिपार्टमेंट में भी ये  स्मार्टफोन आपके लिए शानदार रहेगा. Galaxy M30s में  ट्रिपल रियर कैमरा दिए गए हैं. प्राइमरी कैमरा 48 मेगापिक्सल का है, दूसरा 8 मेगापिक्सल और तीसरा 5 मेगापिक्सल का है.  सेल्फी के लिए 16 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया गया है. सैमसंग स्मार्टफोन्स के डिस्प्ले अच्छे होते हैं. इसमें भी 6.4 इंच की फुल एचडी प्लस डिस्प्ले दी गई है. इसके लिए कंपनी ने Infinity U डिस्प्ले दिया है यानी फ्रंट कैमरे के लिए छोटा नॉच देखने को मिलेगा. इस सेग्मेंट में ये स्मार्टफोन आपके लिए अच्छा रहेगा. क्योंकि बैटरी और कैमरा डिपार्टमेंट इसका अच्छा है. इसका परफॉर्मेंस ऐवरेज से ज्यादा है. अगर आप  ज्यादा गेमिंग करते हैं तो ये स्मार्टफोन आपके लिए नहीं है.

 

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